राजस्थान सरकार ने आरक्षण के नाम पर गुर्जरों से किया धोखा, सवर्णों से विश्वासघात- घनश्याम तिवाड़ी - Jan Manthan : latest news In Hindi , English
breaking news जयपुर पॉलिटिक्स राजस्थान

राजस्थान सरकार ने आरक्षण के नाम पर गुर्जरों से किया धोखा, सवर्णों से विश्वासघात- घनश्याम तिवाड़ी

जनमंथन, जयपुर। भाजपा विधायक और दीनदयाल वाहिनी के प्रदेशाध्यक्ष घनश्याम तिवाड़ी ने कहा है कि राजस्थान सरकार ने आरक्षण के नाम पर गुर्जरों से धोखा किया है और सवर्ण जातियों से विश्वासघात। गुर्जर आरक्षण के लिए लाए गए ओबीसी आरक्षण विधेयक-2017 पर राजस्थान हाईकोर्ट की रोक के बाद तिवाड़ी ने यह बयान दिया है। घनश्याम तिवाड़ी ने कहा कि अक्टूबर में विधानसभा सदन के दौरान जब यह विधेयक लागा गया तब सरकार को उन्होंने आगाह किया था। उन्होंने कहा कि संविधान में संशोधन करके बिल लाने के लिए सदन में बार-बार कहा गया था और ऐसा ही अब न्यायालय ने कहा है। तिवाड़ी ने कहा कि राजस्थान में वसुंधरा राजे कार्यकाल की यह पहली भाजपा सरकार है जो असंवैधानिक तरीके से विधेयक लाई है।

घनश्याम तिवाड़ी ने यह भी बताया कि 2008 में जब वे सरकार में थे तब वे ब्राह्मण, वैश्य, राजपूत, ओबीसी से बाहर रहे मुसलमानों और वंचित जातियों के लिए आरक्षण का ईबीसी विधेयक लाए थे। उन्होंने कहा इस विधेयक को कांग्रेस कार्यकाल आने के बाद तत्कालीन राज्यपाल शैलेन्द्रसिंह ने अनुमोदन नहीं दिया बाद वसुंधरा सरकार में इसके कई टुकडे कर दिए जिससे आज तक ईबीसी (EBC) विधेयक पारित नहीं हो सका। घनश्याम तिवाड़ी ने कहा है कि राजस्थान सरकार की मंशा गुर्जरों को ओबीसी कोटे में 5 फीसदी आरक्षण देने और सवर्णों को ईबीसी कोटे में 14 फीसदी आरक्षण देने की मंशा नहीं है। घनश्याम तिवाड़ी ने कहा कि अगर सरकार की मंशा होती तो गुर्जरों को आरक्षण देने के लिए पहले संवैधानिक रूप से उन्हें 9 वीं अनुसूची में शामिल करवाती।

ताज़ा खबरेंः

सिंधियाओं की बेटी वसुंधरा ने किताब से हटाई झांसी की रानी की कविता- तिवाड़ी

‘पद्मावती’ फिल्म नहीं होने देंगे राजस्थान में रिलीज-राजकुमारी दीया कुमारी

बता दें कि गुर्जरों को आरक्षण के लिए राजस्थान सरकार की ओर से लाया गया ओबीसी आरक्षण विधेयक-2017 गुरुवार को राजस्थान उच्च न्यायालय द्वारा असंवैधानिक मानते हुए रोक दिया है। राजस्थान सरकार पहले एसबीसी (SBC) कोटे में गुर्जरों को 5 फीसदी आरक्षण देने के लिए दो बार बिल लाई थी लेकिन उन विधेयकों को भी कोर्ट ने असंवैधानिक मानते हुए रोक दिया था। इस बार राजस्थान सरकार ओबीसी कोटे को बढाकर राजस्थान के गुर्जरों को 5 फीसदी आरक्षण देने के लिए विधेयक लाई थी लेकिन तीसरी बार गुर्जर आरक्षण के लिए लाए विधेयक को कोर्ट ने अंसवैधानिक बताते हुए रोक लगा दी।

Related posts

1 comment

Comments are closed.