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January 10, 2019
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कांग्रेस का सरकार पर खासा कोठी और आनंद भवन को बेचने का आरोप, सदन हुआ दो बार स्थगित

जनमंथन, जयपुर।राजस्थान विधानसभा में मंगलवार को शून्यकाल के दौरान जयपुर की खासा कोठी और आनंद भवन को बेचने का आरोप लगाते हुए कांग्रेस विधायकों ने जमकर हंगामा किया। हांलाकि हंगामे के बीच ही शून्यकाल की कार्यवाही जारी रही। हंगामे के बीच ही नगरपालिका द्वितीय संशोधन विधेयक पर चर्चा शुरू हो गई। कांग्रेस विधायक वेल में आकर नारेबाजी करते रहे।

इसी दौरान कांग्रेस विधायक घनश्याम मेहर ने अध्यक्ष और सचिव के बीच की टेबल पर चढ़ने की कोशिश की। माहौल खराब होता देख सभापति जोगाराम पटेल ने सदन में मार्शल बुलवा लिए। मार्शल ने मेहर को रोका और इसके बाद में मार्शलों ने वेल में हंगामा कर रहे कांग्रेस विधायकों को चारों ओर से घेर लिया। इसी बीच उपाध्यक्ष राव राजेंद्र सिंह आसन पर आए और हंगामा कर रहे कांग्रेस विधायकों को अपने स्थान पर बैठने को कहा। हंगामा शात होता न देख उपाध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही को 1 घंटे के लिए स्थगित कर दिया।

एक घंटे स्थगित रहने के बाद सदन की कार्यवाही फिर से शुरू हुई लेकिन फिर से सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच गरमागरम बहस हो गई। कांग्रेस विधायक दल के नेता गोविन्दसिंह डोटासरा ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष को सभापति ने बोलने नहीं दिया। उन्होने कहा कि नेता प्रतिपक्ष को सदन में बोलने से रोका गया तो ऐसी ही गलत परंपरा पड़ जाएगी।

इस पर संसदीय कार्यमंत्री राजेन्द्र राठौड ने कहा कि सदन नियमों, परंपरा और अध्यक्षीय व्यवस्था से चलता है। राठौड ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष का हम सम्मान करते हैं। उन्होंने कहा कि हम भी परंपराओं का सम्मान करते हैं। संसदीय कार्यमंत्री ने कहा कि उपाध्यक्ष के आदेश के बाद भी प्रतिपक्ष के नेता अध्यक्ष के चैम्बर में क्यों नहीं आए। उन्होंने कहा कि गतिरोध पैदा करना का काम प्रतिपक्ष षड़यंत्र कर रहा है।

इस पर डोटासरा ने कहा कि मंत्री खुद चाहते हैं कि सरकार की बदनामी हो। उन्होंने कहा कि ऐसा कोई उदाहरण नहीं है जहां सदन की नेता की मौजूद में नेता प्रतिपक्ष को बोलने की इजाजत न हो। उन्होंने राठौड को कहा कि आप संख्याबल में ज्यादा हो तो मनमानी नहीं करोगे। डोटासरा ने इसे परंपराओं का उल्लंघन बताया।

इस दौरान विधानसभा में सरकारी उप सचेतक मदन राठौड भी उठ खडे हुए उन्होंने प्रतिपक्ष से कहा कि जब आसन ने कह दिया तब किसकी बात मानोगे आप लोग। उन्होंने प्रतिपक्ष पर आसन की गरिमा घटाने का आरोप लगाया। इस बीच जोरदार हंगामे के बीच डोटासरा और मदन राठौड आमने-सामने हो गए। हंगामे पर नाराजगी जाहिर करते हुए विधानसभा उपाध्यक्ष राव राजेन्द्रसिंह ने कांग्रेसी विधायकों को सूचित किया कि आज की विधायी कार्यवाही आज ही पूरी की जाएगी ,आसन इसके लिए कृतसंकल्प हैं। उन्होंने कहा कि चाहे मध्यरात्रि तक सदन चलाना पडे। उन्होंने इसी के साथ 1 घंटे के लिए विधानसभा की कार्यवाही को फिर से स्थगित कर दिया।

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